पंकज सुबीर की कहानियां जीवन का आईना :: अशोक प्रियदर्शी

   पंकज सुबीर की कहानियां जीवन का आईना :: अशोक प्रियदर्शी सचमुच। पंकज सुबीर की दस कहानियों का ताजा संकलन ‘हमेशा देर कर देता हूँ मैं’ मुझे मिला, तो एक-दो…

वक़्त के नब्ज को पकडती हुई कविताओं का संग्रह ‘बोलो न दरवेश’ : ज्योति रीता

वक़्त के नब्ज को पकडती हुई कविताओं का संग्रह ‘बोलो न दरवेश’  स्मिता सिन्हा हमारे समय की गंभीर कवियत्री हैं। वे सामान्य जीवन में हँसती -खिलखिलाती मोरनी- सी जान पड़ती…

डॉ वशिष्ठ अनूप की कविताएं संघर्ष-प्रतिरोध की आवाज : ओम धीरज

डॉ वशिष्ठ अनूप की कविताएं संघर्ष-प्रतिरोध की आवाज : ओम धीरज कविता अपने आरम्भिक काल से ही श्रुति के पंखों पर सवार होकर यात्रा करती रही है । छन्द मुक्त…

जिंदगी की खूबसूरती को अभिव्यक्त करने वाले ग़ज़लकार हस्तीमल हस्ती

जिंदगी की खूबसूरती को अभिव्यक्त करने वाले ग़ज़लकार हस्तीमल हस्ती – भागीनाथ वाकले आदरणीय हरेराम समीप जी  द्वारा सद्य संपादित ‘हस्तीमल हस्ती: चुनिंदा अशआर’ समन्वय प्रकाशन गाज़ियाबाद से प्रकाशित यह…

सवालों से टकराती गज़लें :: स्वप्निल श्रीवास्तव

सवालों से टकराती गज़लें स्वप्निल श्रीवास्तव   हिन्दी के कतिपय कवि – लेखक अक्सर न  लिखने के  कारण ढ़ूंढ़ते रहते हैं । कभी मौसम ठीक नही है – या  स्थिति…

लोकजीवन की सहजता का काव्य-शिल्प : सुशील कुमार

लोकजीवन की सहजता का काव्य-शिल्प सुशील कुमार ‘सपनों को मरने मत देना’ युवा कवयित्री (डॉ) भावना का काव्य-संग्रह है। भावना बिहार (मुज्जफरपुर) की हैं और आर. एस. एस. कॉलेज में…

प्रतिरोध का संसार बुनती ग़ज़लों का गुलदस्ता है – यह नदी खामोश है :: डॉ़ भावना

प्रतिरोध का संसार बुनती ग़ज़लों का गुलदस्ता है – यह नदी खामोश है – डॉ़ भावना यह नदी खामोश है सुपरिचित गज़लकार हरे राम समीप का सद्य प्रकाशित ग़ज़ल-संग्रह है,जो…

ग़ज़ल के वजूद का दस्तावेजः चुप्पियों के बीच :: डॉ पंकज कर्ण 

ग़ज़ल के वजूद का दस्तावेजः चुप्पियों के बीच डॉ पंकज कर्ण  डॉ भावना संवेदनशील और विवेक संपन्न ग़ज़लकार हैं। अपनी रचनात्मक मान्यताओं और सिद्धांतों पर वे पूरी मजबूती के साथ…

मौन को शब्द देने की संवदेशीलता मौत का जिंदगीनामा :: मनीष शुक्ला

मौन को शब्द देने की संवदेशीलता मौत का जिंदगीनामा मनीष शुक्ला कहते हैं कि स्त्री, संवेदनशीलता का ईश्वर द्वारा दिया गया सर्वश्रेष्ठ उदाहरण है। और उस पर यदि वह रचनाकार…

कला में चिंतन का दृष्टि बोध :: डा.अफ़रोज़ आलम

कला में चिंतन का दृष्टि बोध डा.अफ़रोज़ आलम   एक बुकलेट के रूप में अपने सुंदर कलेवर में आकर्षित करती है ये छोटी सी पुस्तक। इसके अंदर की सामग्री में…