कवि स्वप्निल श्रीवास्तव से युवा कवि राजीव कुमार झा की बातचीत

कवि स्वप्निल श्रीवास्तव से युवा कवि राजीव कुमार झा की बातचीत राजीव –आप लम्बे समय से लेखन कर रहे हैं । आपने कविता लेखन कब शुरू किया था और साहित्यिक पत्र…

पुस्तक समीक्षा :: ईश्वर का अनुवाद करते हुए

विलक्षण,  बिंब, प्रतीक और भाषा का संगम ‘ईश्वर का अनुवाद करते हुए’  ‘ईश्वर का अनुवाद करते हुए’ वरिष्ठ कवि डॉक्टर स्वदेश कुमार  भटनागर का सद्य प्रकाशित गद्य कविता- संग्रह है,…

ट्वईंटी-ट्वईंटी के प्लाट पर प्रेम :: चित्तरंजन कुमार

ट्वईंटी-ट्वईंटी के प्लाट पर प्रेम – चित्तरंजन कुमार किस-किस को बताएँगे जुदाई का सबब हम तू मुझसे खफा है तो जमाने के लिए आ -अहमद फराज बातें हुई तो प्रेम,…

विशिष्ट ग़ज़लकार :: सुधीर कुमार प्रोग्रामर

सुधीर कुमार प्रोग्रामर की पांच ग़ज़लें 1 लगाकर आग बस्ती से निकल जाने की आदत है जिन्हें हर बात में झूठी कसम खाने की आदत है चुराकर गैर के आंसू…

विशिष्ट कहानीकार :: चाँदनी समर

कब्र की मिट्टी – चाँदनी समर सर्दी और बढ़ गई थी। मैने लिहाफ़ खींच खुद को उसमे लपेट लिया कि आज देर तक सोऊंगी । वैसे भी रविवार है। मगर…

सामाजिक दायित्व के बोध की ग़ज़लें :: चुप्पियों के बीच

  सामाजिक दायित्व के बोध की ग़ज़लें :: चुप्पियों के बीच मुकेश कुमार सिन्हा वो विज्ञान की विद्यार्थी रहीं हैं। रसायन शास्त्र पसंदीदा विषय है। फिर भी साहित्य में गहरी…

लघुकथा :: ज्वाला सांध्यपुष्प

मां का आशीर्वाद – ज्वाला सांध्यपुष्प आज शहर के युवा चिकित्सक अमितशंकर के प्रथम पुत्र की छट्ठी की रस्म थी और वे खुद अनुपस्थित थे।शहर के सभी गणमान्य व्यक्ति पधारे…

विशिष्ट ग़ज़लकार :: स्वदेश भटनागर

1 वक्त ने कैसी तल्खियां दे दी कब्र के नाम चिट्ठियां दे दी ले के लम्हों ने हमसे आवाजें बात करने को चुप्पियां दे दी छुप गये हर्फ जाके लफ्जों…